13 दिसंबर 2001 को Parliament पर हुए आतंकवादी हमले में अपनी जान की आहुति देने वाले नौ जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित करने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ और अन्य नेताओं ने शहीदों को नमन किया। इस हमले में सुरक्षा बलों के जवानों और संसदीय कर्मचारियों ने अपनी बहादुरी और कर्तव्यनिष्ठा का अद्वितीय उदाहरण प्रस्तुत किया।

शहीदों का योगदान और अलंकरण
2001 के हमले में शहीद होने वाले सुरक्षा कर्मियों में राज्यसभा सचिवालय के सहायक जगदीश प्रसाद यादव, मातबर सिंह नेगी, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल की कांस्टेबल कमलेश कुमारी, दिल्ली पुलिस के सहायक उप-निरीक्षक नानक चंद, रामपाल, हैड कांस्टेबल ओम प्रकाश, विजेंद्र सिंह और घनश्याम तथा केंद्रीय लोक निर्माण विभाग के माली देशराज शामिल थे। इन शहीदों को उनके बलिदान के लिए मरणोपरांत पुरस्कार से नवाजा गया। जगदीश प्रसाद यादव, मातबर सिंह नेगी और कमलेश कुमारी को मरणोपरांत अशोक चक्र से सम्मानित किया गया, जबकि नानक चंद, रामपाल, ओम प्रकाश, विजेंद्र सिंह और घनश्याम को कीर्ति चक्र से अलंकृत किया गया।
ओम बिरला और मल्लिकार्जुन खड़गे की श्रद्धांजलि
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा, “Parliament पर हुए आतंकी हमले की वर्षगांठ पर हम उन शूरवीर सुरक्षाकर्मियों को नमन करते हैं जिन्होंने लोकतंत्र की इस पवित्र भूमि की रक्षा करते हुए अपने प्राणों की आहुति दी। उनका बलिदान हमें हमेशा प्रेरित करता रहेगा।”
संसद परिसर में हुए आतंकी हमले की वर्षगाँठ पर लोकतंत्र के इस आस्था स्थल की रक्षा करते हुए सर्वोच्च बलिदान देने वाले सुरक्षाकर्मियों और संसदीय कर्मचारियों को कोटि-कोटि नमन। साहस और कर्तव्यनिष्ठा का वह शौर्यवान समर्पण वंदनीय है, राष्ट्र के प्रति सर्वस्व न्योछावर का वह भाव सदैव…
— Om Birla (@ombirlakota) December 13, 2024
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने भी शहीदों को श्रद्धांजलि देते हुए कहा, “हम उन बहादुर कर्मियों को याद करते हैं जिन्होंने अपनी जान की आहुति दी और आतंकवाद के खिलाफ संसद की रक्षा की। हम उनके परिवारों के साथ एकजुट हैं और आतंकवाद से लड़ने के लिए अपनी प्रतिबद्धता को दोहराते हैं।”
We pay tribute to the brave personnel who laid down their lives defending the Parliament against the terrorist attack on this day in 2001.
— Mallikarjun Kharge (@kharge) December 13, 2024
Their indomitable courage and sacrifice will never be forgotten. We stand in solidarity with their families and reaffirm our commitment to… pic.twitter.com/UXxcejMCwP
पिछले साल भी हुई थी सुरक्षा में सेंध
Parliament पर हमले के 22 साल बाद, 13 दिसंबर 2023 को भी सुरक्षा में सेंध लगी थी। लोकसभा की कार्यवाही के दौरान, दो लोग सागर शर्मा और मनोरंजन डी. दर्शक दीर्घा से कूदकर सदन के भीतर पहुंचे और पीले रंग का धुआं फैलाने वाली ‘केन’ का इस्तेमाल किया। दोनों को तुरंत पकड़ लिया गया था और कुछ देर बाद, प्रदर्शन कर रहे दो अन्य लोगों को भी गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने अब तक छह लोगों को गिरफ्तार किया है और मामले की जांच जारी है।
#WATCH | Delhi: Vice President Jagdeep Dhankhar, Prime Minister Narendra Modi, Lok Sabha Speaker Om Birla, Rajya Sabha LoP Mallikarjun Kharge, Lok Sabha LoP Rahul Gandhi, Union HM Amit Shah, Union Ministers JP Nadda, Kiren Rijiju and others pay tribute to the fallen jawans, at… pic.twitter.com/LYI7LTfwe6
— ANI (@ANI) December 13, 2024
निष्कर्ष
Parliament पर हुए हमले की 23वीं वर्षगांठ पर शहीद जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की गई, जिन्होंने अपने प्राणों की आहुति देकर संसद और लोकतंत्र की रक्षा की। इस घटना ने देश को आतंकवाद के खिलाफ एकजुट होने की प्रेरणा दी है, और आज भी ऐसे शहीदों का बलिदान हमें हमेशा याद रहेगा।